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कुत्तों के आतंक पर पूर्व सीएम Uma Bharti सक्रिय, नगर निगम के अफसरों के साथ करेंगी मीटिंग

By: TISHA GUPTA | Created At: 01 February 2024 03:34 PM


मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में स्ट्रीट डॉग के आतंक को लेकर अब पूर्व सीएम उमा भारती सक्रियता दिखा रही हैं। पूर्व सीएम दो दिन पहले ही मृतक बच्चे के परिवार से मिलीं। तो वहीं आज (1 फरवरी) को पूर्व सीएम उमा भारती नगर निगम के अफसरों के साथ मीटिंग करेंगी। भोपाल में कुत्तों की वजह से 13 दिन में दो बच्चों की मौत हो गई है। जबकि 500 से अधिक लोग कुत्तों के काटने से घायल हुए हैं।

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मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में स्ट्रीट डॉग के आतंक को लेकर अब पूर्व सीएम उमा भारती सक्रियता दिखा रही हैं। पूर्व सीएम दो दिन पहले ही मृतक बच्चे के परिवार से मिलीं। तो वहीं आज (1 फरवरी) को पूर्व सीएम उमा भारती नगर निगम के अफसरों के साथ मीटिंग करेंगी। भोपाल में कुत्तों की वजह से 13 दिन में दो बच्चों की मौत हो गई है। जबकि 500 से अधिक लोग कुत्तों के काटने से घायल हुए हैं।

राजधानी भोपाल में दशहत का माहौल

आवारा कुत्तों की वजह से राजधानी भोपाल में दशहत का माहौल है। इन सबके बीच अब पूर्व सीएम उमा भारती ने अपनी सक्रियता दिखाई है। पूर्व सीएम उमा भारती आज जिला प्रशासन और नगर निगम के अफसरों के साथ बैठक करेंगी। भोपाल कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह के अनुसार बैठक में जिला प्रशासन से एडीएम स्तर के अधिकारी और नगर निगम के अफसर मौजूद रहेंगे।

उमा भारती ने सीएम मोहन यादव को लिखा पत्र

पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने एक दिन पहले ही सीएम डॉ. मोहन यादव को भी पत्र लिखकर स्ट्रीट डॉग के मामलों से अवगत कराया है। पूर्व सीएम ने पत्र में पुरानी घटनाओं का भी जिक्र किया है। उन्होंने पत्र में लिखा ''मुख्यमंत्री जी, प्रदेश में खासकर भोपाल में कुत्तों के द्वारा लोगों के काटने या बच्चों को नोंच खा जाने के प्रकरण आपकी जानकारी में होंगे। भोपाल में जिन दो बच्चों को कुत्तों ने खा लिया वह मजदूर और अत्यधिक साधनहीन परिवार हैं। उनसे बात करते समय यह तथ्य भी सामने आया है कि निर्माण कार्यों में लगी कंपनियां अपने यहां पर कार्यरत मजदूरों के बच्चों और स्त्रियों के संबंध में हमारी सरकार की बनाई श्रमिक नीति का पालन नहीं कर रहे हैं।''

''जिस प्रकार से निर्माण स्थल पर कार्यरत मजदूर दंपत्ति के सात माह के बच्चे को कुत्तें खींचकर ले गए और उसे बुरी तरह से काटा है। इसमें एक आपराधिक लापरवाही कंपनी की भी है। यह क्रिमिनल निग्जिलेंसी का केस है। हमारे देश में गरीबों के जिंदा बच्चों को कुत्ते नोंच खा रहे, यह हमारे पूरे देश और समाज की व्यवस्था के लिए कलंक है। हम आप सभी पशु-पक्षी और प्रकृति प्रेमी हैं, इसलिए मेरा आपसे अनुरोध है कि आप एक व्यवहारिक समाधान इस समस्या का अवश्य निकालिए। इस समाधान में अड़चन बनने वाले और नियमों का उल्लंघन करने वाले लोगों को तुरंत कार्रवाई करके नियमानुसार कठोरतम दंड दीजिए।''

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