


उत्तराखंड में कुदरत का कहर जारी है। लगातार भारी बारिश और लैंडस्लाइड की वजह लोगों को बहुत ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, हसील बसुकेदार क्षेत्र के ताल जामण में बादल फटने से कई मवेशियों के दबने की सूचना,हालांकि अभी तक जनहानि की कोई सूचना नही है। आपको बता दें कि, मंदाकिनी नदी का जल स्तर तेजी से बढ़ रहा है तो अलकनंदा नदी भी उफान पर है। वहीं प्रशासन की तरफ से नदी के आसपास बसे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने को कहा गया है।
भारी बारिश के कारण स्कूल-कॉलेज बंद
इधर भारी बारिश के चलते बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग सिरोबगड़ के पास बन्द है। केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग भी बांसबाड़ा, कुंड समेत कई जगहों पर मलवा आने से बंद हो गए हैं। जिला प्रशासन की सभी आपदा टीमें मौके पर मौजूद हैं, लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने के लिए दिशा निर्देश दिया जा रहा।कई जिलों में स्कूल-कॉलेज बंद कर दिए गए हैं।
हादसे पर सीएम धामी ने जताया दुख
राज्य के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने इस भयंकर हादसे पर गहरा दुख जताते हुए सोशल मीडिया साइट X पर एक पोस्ट में लिखा है - जनपद रुद्रप्रयाग के तहसील बसुकेदार क्षेत्र के अंतर्गत बड़ेथ डुंगर तोक और जनपद चमोली के देवाल क्षेत्र में बादल फटने के कारण मलबा आने से कुछ परिवारों के फंसे होने का दुःखद समाचार प्राप्त हुआ है। सीएम ने अपनी इस पोस्ट में आगे लिखा - स्थानीय प्रशासन द्वारा राहत और बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी है, इस संबंध में निरंतर अधिकारियों से संपर्क में हूं, आपदा सचिव और जिलाधिकारियों से बात कर बचाव कार्यों के प्रभावी संचालन हेतु आवश्यक निर्देश दिए हैं। बाबा केदार से सभी के सकुशल होने की प्रार्थना करता हूं।